बृहस्पति चौथे घर में (Jupiter in Fourth House)

बृहस्पति चौथे घर में (Jupiter in Fourth House)

वैदिक ज्योतिष के अनुसार कुंडली में चौथे घर से माता, घर, मित्र, सुगंधी , जेवर, सुख ,उच्च शिक्षा, सवारी, लक्ज़री, वाहन, पानी, नदी आदि का विचार किया जाता है | इसके अलावा मन की शांति और पारिवारिक जीवन का विचार भी चौथे घर से किया जा सकता है। इसे केंद्र स्थान भी कहा जाता है | वहीं गुरु बृहस्पति से ज्ञान, धर्मशास्त्र ,धन,खजाना, पति सुख, ज्योतिष आदि का विचार किया जाता है। इसके अलावा अच्छा आचरण , बड़ा भाई , राज्य से मान सम्मान, तपस्या,आध्यात्मिकता , श्रद्धा आदि का विचार भी गुरु बृहस्पति से किया जाता है। बृहस्पति आकाश तत्व और ईशान दिशा का स्वामी है | मोटापा , चर्बी , पेट और पाचन क्रिया पर इसका अधिपत्य है | गुरु बृहस्पति एक राशि में लगभग 13 महीने रहता है |ये धनु और मीन राशियों का स्वामी और कर्क राशि में उच्च का माना गया है | गुरु बृहस्पति को सेनापति भी कहा जाता है। गुरु कफकारक है | बुध और बृहस्पति दोनों ग्रहों से बुद्धि देखी जाती है फर्क इतना है बुध से किसी बात को जल्दी समझ लेना होता है जबकि बृहस्पति से विचार और चिंतन देखा जाता है |

बलवान बृहस्पति चौथे घर में हो तो व्यक्ति को सभी सुख सुविधाएँ ,अच्छी परवरिश और माँ का असीम प्यार मिल सकता है। ऐसे व्यक्ति अगर नौकरीपेशा हैं तो करियर में अच्छी सफलता मिल सकती है। एडमिनिस्ट्रेटिव जॉब में उच्च पद पर आसीन हो सकते हैं। सरकारी सेवा से जुड़े हैं और दूसरे ग्रहों का साथ मिल रहा हो तो प्रशासनिक या सेना/जल सेना में या बैंकिंग सेक्टर में उच्च पदों पर बैठ सकते हैं। अगर कारोबार की बात करें तो कपडे/टेक्सटाइल के , भूमि के या शिक्षा से जुड़े कारोबार से सफलता पा सकते हैं। विदेश से जुड़े आयात निर्यात से सम्बंधित कारोबार से धन कमा सकते हैं। आज के सन्दर्भ में बात करें तो कुंडली के चौथे घर में बृहस्पति के कारण व्यक्ति किसी जल से सम्बंधित कारोबार से असीम धन कमा सकता है। ऑटोमोबाइल सेक्टर से धन कमा सकता है। लेकिन अक्सर देखने में आया है कि चौथे घर में बैठा बृहस्पति व्यक्ति को उच्च शिक्षा की तरफ ले जाता है और उसका ध्यान भी धन की बजाय ज्ञान की तरफ होता है। ऐसे लोगों का पारिवारिक जीवन बहुत ही सुखद हो सकता है बशर्ते राहु या शनि का कोई भी समबन्ध बृहस्पति से न हो। आपको सलाह दी जाती है कि अपने बड़े बुजुर्गों या शिक्षकों/गुरुजनों का कभी अपमान नहीं करना चाहिए।

चौथे घर में बृहस्पति अगर कमजोर अवस्था में हो तो नौकरी में असंतुष्टता बनी रह सकती है। कारोबार में नुक्सान उठाना पड़ सकता है या बार बार कारोबार में बदलाव कर सकता है। परिवार में बड़े बुजुर्गों के क्रोध का शिकार होना पड़ सकता है या उनकी नाराजगी बनी रह सकती है। माता के सुख में कमी आ सकती है।शिक्षा में रूकावट आ सकती है। किसी जल रोग से पीड़ित हो सकता है, खासकर छाती या पेट से सम्बंधित बीमारियां परेशान कर सकती हैं । सरकार की तरफ से कोई परेशानी झेलनी पड़ सकती है। ऐसे लोगों की मेहनत या काम का श्रेय दूसरे लोग ले जा सकते हैं।विदेश से सम्बंधित कारोबार से हानि हो सकती है। शेयर मार्किट में पैसा डूब सकता है। गुरु बृहस्पति के शुभ फल तभी मिलते हैं जब कुंडली में दूसरे ग्रहों का साथ मिल रहा हो। बृहस्पति के अशुभ फल भी तभी मिलते हैं जब कुंडली में दूसरे ग्रहों का साथ नहीं मिल रहा हो। गुरु बृहस्पति से जुडी मानसिक क्रियाओं और उपायों से इसके नेगेटिव इफेक्ट्स को कम किया जा सकता है।

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