कुम्भ राशि (Aquarius Zodiac Sign)

कुम्भ राशि (Aquarius Zodiac Sign)

वैदिक ज्योतिष(Vedic Astrology) के अनुसार कुंडली(Kundli) के पहले घर में कुंभ(Aquarius) राशि(Rashi) हो या कुंडली में चन्द्रमा(Moon) कुंभ(Aquarius) राशि(Rashi) में हो तो ऐसा जातक शनि(Saturn) ग्रह से प्रभावित होता है |राशि(Rashi) चक्र में ग्यारहवीं राशि(Rashi) कुंभ(Aquarius) है जिसका स्वामी शनि(Shani) होता है।

शनि(Shani) न्याय का देवता है और धीरे धीरे चलता है इसीलिए इसको शन्यैश्चर भी कहा जाता है | कुंडली(Kundli) में चन्द्रमा(Moon) कुंभ(Aquarius) राशि(Rashi) में होने और शनि(Saturn) ग्रह से प्रभावित होने के कारण ऐसे जातक काफी समझदार और दयालु होते हैं| इसीलिए मित्र बनाना और सामाजिक भलाई के काम करना इनको अच्छा लगता है| हालाँकि इनको अपने काम में दखलंदाज़ी बिलकुल भी पसंद नहीं होती |

वैदिक ज्योतिष(Vedic Astrology) के अनुसार चन्द्रमा(Moon) कुंभ(Aquarius) राशि(Rashi) में होने और शनि(Saturn) ग्रह से प्रभावित होने के कारण ऐसे जातक एक अच्छे टीम लीडर और टीम प्लेयर साबित होते हैं| कई बार देखा गया है की ये लोग अपने सपनों में खोये रहते हैं और अक्सर अपनी भावनाओं को साँझा नहीं करते | कुंडली(Kundli) में शनि(Saturn) ग्रह से प्रभावित कुम्भ(Aquarius) के जातकों को उच्च रक्तचाप और दिल की समस्याएं होने की प्रबल संभावनाएं रहती हैं| इसके अलावा आपको एड़ियों, संचार प्रणाली और तंत्रिका सम्बन्धी रोगों से पीड़ा होने की संभावनाएं भी बन सकती हैं |

शनि(Shani) ग्रह से प्रभावित कुम्भ(Aquarius) के जातक मितभाषी और दूरदर्शी होते हैं साथ ही साथ मजबूत इच्छाशक्ति के स्वामी होने के कारन आपको जो सही लगता है उसके लिए आखरी क्षण तक लड़ सकते हैं | ऐसे जातक अच्छे मार्गदर्शक बन सकते हैं | ऐसे जातक एक बार जिसको दोस्त बना लेते हैं उसका साथ नहीं छोड़ते और अपने दायरे से बहार निकलकर भी मदद करते हैं |

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